Jinah’s only daughter married Parsi, stayed back in India after partition, inherited his house in Mumbai

jinnah daughterDina Wadia (nee Dina Jinnah) was the daughter and only child of Muhammad Ali Jinnah.
She did stay back in India, having married Neville Wadia, the scion of the Wadia family. They’re parents of Nusli Wadia, most famous for Bombay Dyeing and Britannia industries.
The reason for her staying back in India? She and Jinnah had had a major rift between them, caused due to her desire to marry a man following Zoroastrianism (Neville Wadia- scion of a Parsi family).
As stated:
Mahommedali Currim Chagla, who was Jinnah’s assistant at the time, recalls: “Jinnah, in his usual imperious manner, told her that there were millions of Muslim boys in India, and she could have anyone she chose. Reminding her father that his wife (Wadia’s mother Rattanbai), had also been a non-Muslim, a Parsi also coincidently, the young lady replied: ‘Father, there were millions of Muslim girls in India. Why did you not marry one of them?’ And he replied that, ‘She became a Muslim'”.
She went ahead to marry him any way. This led to the rift. From then on, Muhammad Ali Jinnah, for all purposes, had disowned his daughter (although not legally). All correspondence between them turned extremely formal.
Dina Wadia visited Pakistan for the first time for her father’s funeral, in September, 1948.
पारसी बिजनेसमैन से हुआ जिन्ना की बेटी को प्यार, आजादी पर फहराए थे दो झंडे
मुंबई. 70 साल पहले आज ही के दिन जहां हमें अंग्रेजों की कई साल की गुलामी से मुक्ति मिली वहीं दूसरी ओर देश के दो टुकड़े भी हुए। देश में रह रहे लोग इस कशमकश में थे कि वे हिंदोस्तान में जाएं या पाकिस्तान का हिस्सा बने। इन्हीं लोगों में से एक थी मोहम्मद अली जिन्ना की इकलौती बेटी दीना। दीना की शादी मुंबई के पारसी बिजनेसमैन नेविली वा‍डिया से हुई थी। देश के आजाद होने पर फहराए दो झाड़े…
– कराची से कहीं दूर बम्बई के कोलाबा के एक फ्लैट में दीना ने अपनी बालकनी पर दो झंडे लगाए थे। एक भारत का, दूसरा पाकिस्तान का।
– दीना के लिए फैसला करना नामुमकिन था कि वह किसे अपना देश माने। उस भारत को जहां वह जन्मी या उस पाकिस्तान को जिसे उसके वालिद ने बनाया।
जिन्‍ना की इकलौती संतान थीं दीना
– दीना जिन्‍ना या दीना वाडिया मुहम्मद अली जिन्‍ना की एक मात्र संतान थीं।
– रोचक बात यह है कि उनका जन्‍म 15 अगस्‍त 1919 को हुआ और 15 अगस्‍त 1947 को भारत आजाद हुआ।
– दीना के पैदा होने से ठीक पहले जिन्‍ना अपनी पत्‍‌नी के साथ लंदन के एक थिएटर में फिल्‍म देख रहे थे
– हालांकि बाद के दिनों में जिन्‍ना ने अपनी पत्‍‌नी और बेटी दोनों को छोड़ दिया। दरअसल जिन्‍ना को अपनी मुस्लिम छवि का डर सता रहा था।
पिता के बिना की बड़ी हुईं दीना
– जिन्‍ना का वैवाहिक जीवन बहुत नाजुक, रोचक और बेहद छोटा रहा। उन्होंने अपनी मुस्लिम छवि के चलते अपनी पारसी पत्‍‌नी रति से दूरी बना ली।
– कई इतिहासकारों के मुताबिक, जिन्‍ना की राजनीतिक महत्वाकांक्षा ही उनका विवाह के टूटने का कारण रही। जिन्‍ना की पत्‍‌नी की जब मौत हुई तो उस वक्‍त दीना महज 10 साल की थीं।
– इसके बाद ज्‍यादातर समय वह जिन्‍ना से दूर ही रहीं।
ऐसी है दीना की लव स्टोरी
– पाकिस्‍तानी अखबार एक्‍सप्रेस ट्रिब्यून के एक ब्‍लॉग के मुताबिक, 1936 में दीना की मुलाकात पारसी बिजनेसमैन नेविली वा‍डिया से हुई।
– नेविली वाडिया उस दौर के मशहूर टेक्सटाइल इंडस्ट्रियलिस्ट नैस वाडिया के बेटे थे। नेविली का परिवार पारसी था। हालांकि उनकी मां एक क्रिश्चियन थीं।
– ब्रिटेन में पैदा हुए नेविली दीना को अपने रंग-ढंक के लगे और दोनों को एक-दूसरे से प्‍यार हो गया।
दीना के प्‍यार पर जिन्‍ना को थी अपत्ति
-1920 के आस-पास जिन्‍ना एक मुसलमान नेता के तौर पर तेजी से आगे बढ़ रहे थे। उधर दीना अपनी मां के साथ एक गुमनामी भरी लाइफ जी रहीं थीं। हालांकि रति जिन्‍ना एक खुले खयालों वाली महिला थीं इसलिए उन्‍होंने अपनी बेटी को भी खुले माहौल में पाला।
– इसी खुलेपन की वजह से दीना की जिंदगी में जब एक गैर मुस्लिम आया तो वह उसे स्‍वीकार करने में पीछे नहीं हटीं। हालांकि अपनी छवि के चलते जिन्‍ना के अपनी बेटी के इस प्‍यार पर आपत्ति थी।
एक जवाब ने जिन्‍ना को कर दिया खामोश
– जिन्‍ना को अपनी बेटी का नेविली वाडिया जैसे पारसी से रोमांच बर्दाश्त नहीं था। एक जमाने में जिन्‍ना के असिस्टेंट रहे मोहम्‍मद अली करीम छागला ने जिन्‍ना पर किताब लिखी।
– इसमें उन्‍होंने जिन्‍ना के सवाल और उनके बेटी के जवाब का जिक्र किया गया है। किताब के मुताबिक, जिन्‍ना ने दीना से कहा, भारत में हजारों मुस्लिम लड़के हैं तुम्‍हें वही एक मिला था।
– जिन्‍ना का इशारा नेविली वाडिया के पारसी होने को लेकर था। इस पर दीना ने कहा, इस देश में हजारों मुस्लिम लड़कियां थीं फिर आपको शादी करने के लिए मेरी मां ही मिली थीं।
– दीना का इशारा अपनी मां के पारसी होने को लेकर था। छागला के मुताबिक, जिन्‍ना इसका कोई जवाब नहीं दे सके।
नु‍स्‍ली वाडिया की मां है दीना वाडिया
– दीना वाडिया का परिवार भारत के बड़े कारोबारी घरानों में से एक है। दीना वाडिया के वेटे नुस्‍ली वाडिया इस समय 70 और 80 के दशक में भारत में टेक्सटाइल किंग के नाम से फेमस थे।
– मौजूदा दौर में वह बॉम्‍बे डाइंग और वाडिया समूह के प्रमुख हैं। नुस्‍ली वाडिया और धीरूभाई अंबानी के बीच इंडस्‍ट्री पर वर्चस्व को लेकर लंबी कॉरपोरेट वॉर भी चली थी।

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