Bride wears two mile long Sari, may be jailed for this

brideA Sri Lankan couple are under investigation for using hundreds of school children to carry the train of the bride’s saree during a wedding ceremony.
About 250 students carried the train of the two-mile long saree worn by the bride, as she and the groom walked down a main road in the centre of the Kandy.
The National Child Protection Authority (NCPA) said using students for such ceremonies during school hours was against the law, with violators facing up to 10 years in prison.
The saree is the longest ever worn by a bride in Sri Lanka and another 100 students, from the state-owned school, served as flower girls at the wedding.
Sri Lanka’s child protection authority has begun an investigation into the use of children to carry the saree’s train.
The students were from a school named after Central Province Chief Minister Sarath Ekanayaka, who was a special guest at the wedding,
‘We have started an investigation. We are going all out because we don’t want this to become a trend,’ said NCPA Chairman Marini de Livera.
‘What they (the wedding party) did is a violation of child rights,’ de Livera said. ‘Depriving children of education, risking their security and harming their dignity are criminal offences.’

brideसोशल साइट पर छाई इस कपल की Photo, अब हो सकती है 10 साल जेल
सोशल साइट्स पर इन दिनों एक दूल्हा-दुल्हन की फोटोज काफी शेयर की जा रही है। ये तस्वीर श्रीलंका की है। इसमें दोनों शादी के जोड़े में नजर आ रहे हैं। हालांकि, अब इसी फोटो की वजह से दोनों कानूनी पचड़े में फंस गए हैं। दुल्हन की साड़ी थी दो मील लंबी…
इस तस्वीर में दुल्हन ने जो साड़ी पहनी थी, उसके कारण वो काफी चर्चा में आ गई थी। श्रीलंका में किसी दुल्हन द्वारा पहनी गई ये सबसे लंबी साड़ी है। इस दुल्हन ने अपनी शादी में दो मील लंबी साड़ी पहन रखी थी। लेकिन अब जिस साड़ी ने उसे चर्चा दिलाई, उसी के कारण वो जेल जाने की कगार पर पहुंच चुकी है। दरअसल, दुल्हन ने अपनी दो मील लंबी साड़ी को पकड़ने के लिए स्कूलों से 250 बच्चे मंगवाए थे। श्रीलंका के द नेशनल चाइल्ड प्रोटेक्शन अथॉरिटी के मुताबिक, स्कूल की पढ़ाई के दौरान इस तरह बच्चों को अपने पर्सनल फंक्शन में ले जाना कानून के खिलाफ है। इसके लिए 10 साल तक की जेल की सजा भी हो सकती है।
चाइल्ड राईट का है उल्लंघन
ये बच्चे श्रीलंका के दो स्कूलों से मंगवाए गए थे। NCPA के चेयरमैन मरिनी दी लिवेरा ने कहा है कि इस मामले में दोषियों को जल्द ही सजा सुनाई जाएगी। ताकि इसका ट्रेंड ना बन जाए। उन्होंने ये भी कहा कि बच्चों को पढ़ने से रोकने वाले क्रिमिनल्स हैं। उन्हें सजा मिलनी ही चाहिए।

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