Jain Muni Baba arrested for rape in Surat city of Gujarat

Surat: Jain Muni Shanti Sagar Maharaj of Digambar Jain Akhara arrested for rape in Surat city of Gujarat. Jain

 

जैन मुनि ने मंदिर में लड़की को रोका था रात, मंत्र के बहाने कर दिया रेप
सूरत। रेप के आरोपी दिगंबर जैन मुनि शांतिसागर को पुलिस ने सूरत में गिरफ्तार कर लिया है। इस जैन संत ने एक अक्टूबर को मध्यप्रदेश के ग्वालियर से अपने मां-बाप के साथ आशीर्वाद लेने आई एक लड़की से रेप की वारदात को अंजाम दिया था। मंत्र जाप का बोलकर रात को रोका…

– लड़की जैन मुनि से आशीर्वाद लेने गई था, जहां इस संत ने उसे मंत्र जाप का कहकर रात को मंदिर में रूकने का कहा। लड़की ने बताया कि महाराज के कहने पर वो मंदिर में के बाजू में बने कमरे में रुक गई। उसके बाद संत कमरे में आया और उसके साथ रेप किया।
– लड़की मध्यप्रदेश की रहने वाली है। वो वडोदरा के एक कॉलेज में पढाई कर रही है। 45 साल के जैन मुनि आचार्य शांतिसागर ने 19 साल की लड़की से रेप किया। मेडिकल रिपोर्ट में इस बात की पुष्टि हुई।
– लड़की ने आरोप लगाया कि रेप के बाद मुनि शांतिसागर ने उसे धमकी देते हुए कहा कि यदि उसने किसी से भी इस बारे में बात की तो उसके साथ कुछ भी हो सकता है। लड़की की शिकायत दर्ज कराते ही समाज से जुड़े लोग आरोपी मुनि को बचाने के लिए इकट्ठा होने लगे।
– लोगों ने लड़की आरोप लगाया कि वो झूठ बोल रही है। लेकिन रेप की पुष्टि होने पर पुलिस ने आरोपी मुनि को गिरफ्तार कर लिया।
जैन समाज ने पुलिस कमिश्नर से की मुलाकात
– अठवा पुलिस थाने में दर्ज शिकायत के बाद दिगंबर जैन समाज के लोग पुलिस कमिश्नर के कार्यालय आकर कमिश्नर से मुलाकात की। सभी ने मिलकर यह मांग की है कि इससे पूरा जैन समाज आहत हुआ है। इस मामले की न्यायिक जांच की जाए।
घटना से दो दिन पहले ही दिखाए थे विभिन्न चमत्कार, हुए प्रभावित
पीड़िता ने बताया कि परवत पाटिया स्थित मॉडल टाउनशिप के पास 29 सितंबर को एक कार्यक्रम में आरोपी जैनाचार्य ने 7.77 करोड़ से ज्यादा नवकार मंत्र का जाप करवाया था। इस दौरान उन्होंने पत्थर पर लाल रंग का धागा बांध कर पानी में रखा, जो तैरने लगा। जिसे देख सभी भक्त आश्चर्यचकित हो गए थे। इतना ही नहीं आचार्य ने जलते हुए हवन कुंड में साड़ी भी डाली थी जो जली नहीं। कार्यक्रम में एक साथ दो चमत्कार देखकर लोग जैनाचार्य से काफी प्रभावित हुए थे और उनके चमत्कारों की लोगों में चर्चा भी होने लगी।
सात माह पहले परिवार ने जैनाचार्य को बनाया था गुरु
पीड़ित युवती के मां-बाप करीब सात माह पहले ही जैनाचार्य के संपर्क में आए थे। इसके बाद उन्होंने मार्च 2017 में उन्हें गुरू बनाया था। लेकिन, इस दौरान युवती जैनाचार्य से नहीं मिली थी। घटना के दिन युवती के मां-बाप उसे जैनाचार्य से आशीर्वाद दिलाने के लिए गए थे। जहां युवती पहली बार आचार्य से मिली थी।
घबराहट के कारण नहीं हुआ सीमन टेस्ट
डॉ. अर्चना पटेल ने बताया कि मुनि के ब्लड टेस्ट किया गया है। साथ ही सलाइवा, नाखून, बाल के सैंपल भी लिए गए हैं। लेकिन मुनि के डिप्रेशन में होने के कारण सीमन टेस्ट नहीं हो सका।
जैन समाज ने कमिश्नर को सौंपा ज्ञापन, लिखा- झूठी है लड़की
जैन मुनि पर आरोप के खिलाफ शनिवार को सकल दिगंबर जैन समाज के प्रतिनिधियों ने पुलिस कमिश्नर को ज्ञापन सौंपा। समाज के प्रतिनिधियों ने कहा कि लड़की ने जैन मुनि आचार्य शांतिसागर महाराज के खिलाफ झूठी शिकायत दर्ज कराई है। यह आचार्य और जैन समाज को बदनाम करने की साजिश है।
– एक अक्टूबर की घटना को लेकर 13 अक्टूबर को शिकायत दर्ज करवाना साजिश है। समाज ने कमिश्नर से मामले की सही व न्यायिक जांच कराने की मांग की है। प्रतिनिधियों ने पुलिस से घटनास्थल के आसपास के सीसीटीवी कैमरों की जांच करने की भी मांग की है। साथ ही लड़की और उनके परिजनों की भी जांच हो, जिससे उनके चरित्र के बारे में दुनिया को पता चल सके।

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